Dhanteras Puja Vidhi जाने क्यों मनाया जाता है धनतेरस पूजा

Dhanteras Puja Vidhi, Jane Kab or Kyu Manaya Jata Hai Diwali se Pahle Dhanteraj Puja

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Dhanteras Puja Vidhi and Katha in Hindi –  हेलो दोस्तो गंगा ज्ञान पर आप सब का फिर से स्वागत है। आज के इस पोस्ट में हम आपको धनतेरस पूजा कब की जाती हैं और उसके विधि के बारे में पूरी जानकारी हिंदी में देने वाले हैं। अगर आप भी जानना चाहते हैं धनतेरस कब और मनाई जाती है और उसके विधि के बारे में तो आप हमारे इस पोस्ट को जरूर पढ़ें और अपने दोस्तों के साथ शेयर करें।

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पांच पर्वो वाली दीपावली की शुरुआत धनतेरस से हो जाती हैं। धनतेरस के दिन महालक्ष्मी के सचिव कुबेर जी का पूजा होता हैं। कुबेर के वरदान से ही घर मे धन के भंडार लग सकता हैं। धनतेरस के शाम को परिवार की मंगलकामना के लिए यम नाम का दीपक भी जलाया जाता हैं। कुछ ऐसी भी मान्यताएं हैं कि धनतेरस पर दिन के समय या शाम ने अगर खरीदारी की जाए तो मनोकामनाएं पूरी हो सकती हैं। धनतेरस पर विभिन्न धातुओं से बने बर्तन, सोना,चांदी खरीदने का बड़ा महत्व होता हैं। इस दिन धातु का सामान खरीदना शुभ माना जाता हैं।

Dhanteras Puja क्यों मनाया जाता हैं?

धनतेरस कार्तिक कृष्णपक्ष त्रयोदशी को मनाया जाता हैं। कहा जाता हैं कि इस दिन समुन्द्र मंथन के दौरान, अमृत का कलश लेकर धनवंतरी प्रकट हुए थे। तभी से इस दिन को धनतेरस के रूप में मनाया जाता हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार, धनवंतरी के प्रकट होने के ठीक दो दिन बाद माँ लक्ष्मी प्रकट हुई थी। इसी कारण से धनतेरस के दो दिन बाद दीपावल मनाई जाती हैं और धनतेरस दो दिन पहले मनाया जाता हैं। इस दिन स्वास्थ्य रक्षा के लिए धनवंतरी देव की उपासना की जाती हैं। और इसी दिन के धन सम्पनता के लिए कुबेर की पूजा की जाती हैं।

धनतेरस पर कैसे करे पूजा

धनतेरस के शाम को समय उत्तर दिशा की ओर कुबेर और धनवंतरी की स्थापना करनी चाहिए दोनों के सामने एक एक मुख का घी के दीपक जरूर जलाना चाहिए।

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धनतेरस के दिन कुबेर को सफेद मिठाई और धनवंतरी को पीली मिठाई चढ़ाना शुभ माना जाता हैं। इस दिन सबसे पहले Kuber मंत्र का जाप करना चाहये और धन्वन्तरी स्रोत का पाठ करने से बहुत लाभ होता हैं। और पूजा के बाद Diwali पर कुबेर को धन के स्थान पर और धनवंतरी को पूजा के स्थान पर स्थापित करे।

दक्षिण दिशा में दीपक जलाकर रखें।

मान्यता के अनुसार पूजा पाठ के बाद दक्षिण दिशा में दीपक जलाकर रखना चाहिए। यह दिपक यमराज को नमन करने के लिए जलाया जाता हैं। पौराणिक कथाओं के अनुसार दक्षिण दिशा में दीपक जलाकर रखने से घर मे किसी की अकाल मृत्यु नही होती। साथ में घर की सभी नकारात्मक ऊर्जा बाहर चली जाती हैं। इस बार धनतेरस मंगलकारक हैं इस दिन ऋणमोचन का विशेष योग हैं। धनतेरस के दिन इस बार ऋण मोचन योग होने के कारण जो लोग लंबे समय से कर्ज न चुका पाने वाले लोग ऋण चुका सकते हैं।

उम्मीद है कि Dhanteras Puja से सम्बंधित यह जानकारी आपको पसंद आई होगी। आप हमारे इस पोस्ट को अपने दोस्तों के साथ शेयर कर हमारा मानोबल बढ़ा सकते हैं ताकि हम इसी तरह नई नई जानकारियाँ आप सब के लिये लिख सकें। अगर आपका कोई सवाल या सुझाव हो तो आप हमें नीचे Comment Box में बता सकते हैं।

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